CBC Test क्या है? | CBC test in Hindi.

सीबासी टेस्ट क्या है? | CBC test in Hindi.

CBC क्या है? - CBC test kya hai in Hindi
CBC test kya hai in Hindi. 

नमस्कार दोस्तों ,
स्वागत है  आपका आज के इस पोस्ट  “CBC test in Hindi” में. आज के इस पोस्ट के माध्यम से आप जानेंगे कि CBC test क्या होता है और CBC test का नार्मल रेंज (normal range) कितना होता है.साथ ही CBC test report कैसे पढ़े और समझे.इन सबके बारे में जानकारी देने वाला हूँ.तो चलिए सबसे पहले जानतें हैं CBC test क्या है. 

    CBC Test क्या होता है?( CBC Test in Hindi).

    CBC एक Blood test है. CBC का full form होता है ‘Complete blood count’. इस टेस्ट के माध्यम से हमारे ब्लड(blood) की कंप्लीट जाँँच की जाती है.इस टेस्ट के माध्यम से हमारे शरीर की कंप्लीट इंफॉर्मेशन मिल जाती है जैसे कि हमारे शरीर में किस प्रकार की और कौन सी कमी है.

    Complete blood count test के लिए हमें पेशेंट का सैंपल Lavender vial में लेना होता है क्योंकि यह टेस्ट Hematology department का एक profile test जिसमें ब्लड सैंपल preserve रहता है और हम आसानी से CBC test को परफॉर्म करते हैं.

    आजकल CBC test एक common टेस्ट माना जाता है, क्योंकि यह टेस्ट लगभग प्रत्येक मरीजों को लिखा जाता है और यह टेस्ट विश्व भर में सबसे अधिक किया जाता है. सीबीसी टेस्ट में निम्नलिखित प्रकार की जांच की जाती है जैसे कि-

    CBC में कौन-कौन से टेस्ट होते हैं? (CBC test in Hindi).

    1. Hemoglobin (HB)
    2. Differential leukocytes count (DLC)
    3. Total leukocytes count (TLC)
    4. Packed cell volume (PCV) or Hematocrit
    5. Red blood cells count (RBCs count)
    6. Platelet count (Plts Count)
    7. RBCs Index
    8. MCV
    9. MCH
    10. MCHC
    11. RDW (Red cell distribution width) 

    सीबीसी टेस्ट के लिए इन सभी टेस्ट को परफॉर्म किया जाता है जिसके बारे में हम आगे पढ़ने वाले हैं और हम जानेंगे कि CBC test normal range क्या होता है और इनकी कमी से कौन- कौन से रोग होते हैं तो पढ़ते रहिए CBC test in Hindi और समझते रहिए.

    और पढ़े 👉
    Rh Factor kya hota hai in Hindi
    ESR test in Hindi
    LFT test in Hindi

    Hemoglobin -(In CBC test in Hindi).

    Hemoglobin हमारे लाल रक्त कोशिका में पाया जाता है, जो आयरन और प्रोटीन से मिलकर बना होता है और यह हमारे शरीर में ऑक्सीजन को कैरी करने का काम करता है.

    हमारे शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी होने से एनीमिया रोग होता है और यदि हमारे शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्रा अधिक हो जाती (जो कि bone marrow से ज्यादा बनने के कारण) है और इस स्थिति को Polycythemia कहते हैं.

    Normal range of hemoglobin –

    हमारे शरीर में हीमोग्लोबिन की लेवल व्यक्ति की आयु के अनुसार अलग-अलग होती है जैसे पुरुष,महिला और बच्चे में सभी हिमोग्लोबिन की मात्रा अलग-अलग होती है जो इस प्रकार है-

    1. In Male – 14-18 gm/dl or gm%
    2. In female – 12-16 gm/dl
    3. In children – 11-13 gm/dl
    4. In featus – 17-21 gm/dl

    हिमोग्लोबिन की कमी के कारण-

    ब्लड की कमी होने से हमारे शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी हो जाती है-

    • पोषक तत्वों की कमी के कारण
    • Bone marrow problems में problem के कारण
    • किडनी failure के कारण
    • हिमोग्लोबिन के असामान्य रचना के कारण
    • खून की कमी के कारण

    हमारे शरीर में hemoglobin level ज्यादा होने के निम्नलिखित कारण हो सकते हैं-

    • ऊंचे स्थान पर रहने वाले लोग या पहाड़ी क्षेत्र में रहने वाले लोग
    • Smoking या धूम्रपान करने वाले लोगों में
    • डिहाईड्रेशन ,खाना का अच्छा से नहीं पचना या अपच होने के कारण
    • Polycythemia vera- इस स्थिति में हमारी बोन मैरो ज्यादातर आरबीसी की प्रोडक्शन करने लगती है जिस कारण से हिमोग्लोबिन बढ़ने लगता है.

    Differential leukocytes count (CBC test in Hindi) –

    DLC count एक प्रकार का ब्लड जांच है जो हमारे शरीर में उपस्थित विभिन्न प्रकार की ल्यूकोसाइट की संख्या को बताता है. इसलिए DLC test को डिफ्रेंशियल काउंट भी कहा जाता है.DLC count में अलग-अलग तरह की कुल 100 cells काउंट की जाती है.

    DLC दो प्रकार की होती है.
    1.Granulocytes –
    Granulocytes में Granules पाए जाते हैं. इसलिए इसे Granulocytes कहा जाता है.

    1. Neutrophils – 50-65%
    2. Eosinophil – 0-6 %
    3. Basophils – 0-1 %

    Non- Granulocytes or Agranulocytes –
    Non-Granulocytes में Granules नहीं होता है, इसलिए इसे Non-Granulocytes कहते हैं.

    1. Lymphocytes – 20-35 %
    2. Monocytes – 2-8 %

    WBCs के संख्याओं के पता लगाने के लिए डीएलसी टेस्ट किया जाता है जिससे हमें Neutrophils, Lymphocytes, Monocytes, Eosinophils और Basophils की नॉर्मल संख्या कितनी है इनका पता आसानी से लग जाता है.

    DLC count कैसे किया जाता है और इसके बारे में ज्यादा जानकारी के लिए हमारे इस पोस्ट को पढ़े👉

    DLC count in hindi.

    TLC count (In CBC test in Hindi) –

    TLC यानी Total leukocytes count test हमारे शरीर में white blood cells की संख्या कितनी है इसका पता लगाने के लिए किया जाता है. हमारे शरीर में Total leukocytes count की नार्मल रेंज 4,000 से 11,000 तक होती है.

    यदि हमारे शरीर में डब्ल्यूबीसी(TLC) की संख्या में कोई कमी होती है या बढ़ोतरी होती है तो हमें गंभीर प्रकार की बीमारियों का सामना करना पड़ता है. इस टेस्ट के द्वारा हमें डब्ल्यूबीसी की संख्या का पता चल जाता है.

    यदि हमारे शरीर में डब्ल्यूबीसी की संख्या अधिक हो जाती है तो इसे leukocytosis कहते हैं और यदि हमारे शरीर में डब्ल्यूबीसी की संख्या मैं कमी आती है तो इसे हम leukocytopenia कहते हैं.

    PCV(Packed cell volume) -(CBC test in Hindi) –

    PCV एक ब्लड टेस्ट है जो CBC profile test के साथ किया जाता है. PCV टेस्ट के द्वारा हमारे शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं की संख्या को प्रतिशत में मापा जाता है.जिससे ब्लड में उपस्थित कुल लाल रक्त कोशिकाओं की संख्या को मापा जाता है.

    PCV का normal range महिलाओं तथा पुरुषों में अलग अलग होता है.महिलाओं में PCV की Normal range लगभग 36-48 % और पुरुषों में PCV का Normal range लगभग 42-54 % होता है.

    अब आप यह जानना चाहते होगें कि PCV का full form क्या होता है? तो चलिए जानतें हैं कि PCV full form in Hindi.

    PCV का फुल फॉर्म क्या होता है? (PCV Full Form in Hindi).

    PCV का full form होता है Packed cell Volume. PCV को Hematocrit (HCt) भी कहा जाता है.अब आपको यह भी पता चल गया है कि PCV का फुल फॉर्म क्या होता है. तो चलिए अब जानतें हैं कि PCV test कैसे किया जाता है?

    अगर हम average PCV की बात करे तो यह 36-54% होता है.यदि हिमोग्लोबिन की मात्रा से 3 गुना करने से आसानी से PCV निकाल सकते हैं इसके लिए हम इस फार्मूला को यूज कर सकते हैं “HB * 3 ” जिससे हमें PCV का पता आसानी से लग जाता है.

    RBCs count –

    हमारे शरीर में आरबीसी की मात्रा अर्थात red blood cells की मात्रा कितनी है इसका पता लगाने के लिए RBCs test किया जाता है. यह हमारे शरीर में पाई जाने वाली कोशिकाओं में सबसे अधिक पाई जाती है इसकी संख्या लगभग 4.5 से 6. 5 मिलियन/माइक्रोलीटर होता है.

    Red blood cells का फॉरमेशन bone marrow में होता है और इसका जीवनकाल 90 से 120 दिनों तक का होता है.
    Normal range of RBCs-
    In male – 4.5 to 6.5 million /cumm
    In female – 3.5 to 4.2 million / cumm

    हमारे शरीर में रेड ब्लड सेल की मात्रा में कमी आती है तो इसे erythrocytopenia कहते हैं और यदि red blood cells की संख्या नॉर्मल से अधिक होती है तो उसे erythrocytosis कहते हैं.

    White blood cells count –

    White blood cells की संख्या का पता लगाने के लिए WBC test किया जाता है. WBCs हमारे शरीर को किसी अन्य प्रकार की वायरस और बीमारियों से सुरक्षित रखता है और उनसे फाइट करके हमें बचाता है इसलिए डब्ल्यूबीसी का normality हमारे लिए बहुत अच्छा होता है.

    हमारे Blood में WBCs की संख्या 4,000 से 11,000/cumm होती है यदि WBCs की संख्या नार्मल रेंज से कम या ज्यादा होती है तो इससे यह पता चलता है कि हमारे शरीर में किसी प्रकार की गड़बड़ी है और हमारा शरीर किसी बीमारी के चपेट में है इसलिए डॉक्टर इस टेस्ट को लिखते हैं.

    जब हमारे शरीर में डब्ल्यूबीसी की संख्या ज्यादा हो जाती है तो उसे Leukocytosis कहतें हैं और जब हमारे शरीर में डब्ल्यूबीसी की संख्या normal range से बहुत कम हो जाती है तो इसे leukocytopenia(ल्यूकोसाइटोपेनिया) कहते हैं.

    Platelet count –

    Platelet count से हमारे शरीर के प्लेटलेट की संख्या का पता चलता है .Platelet हमारे शरीर में रक्त को थक्का करने में और किसी प्रकार की bleeding को रोकने के लिए काम करता है और कई प्रकार की बीमारियों में प्लेटलेट की संख्या बहुत ही कम हो जाती है जैसे डेंगू में , तो इसलिए डॉक्टर उन सभी का पता लगाने के लिए प्लेट का टेस्ट लिखते हैं.

    हमारे शरीर में प्लेटलेट की संख्या 1.5 से 4 लाख तक होती है यदि platelets की संख्या normal range से ज्यादा होती है तो इसे Thrambocytosis कहते हैं और यदि प्लेटलेट की संख्या बहुत कम होती है जिसे Thrambocytopenia कहा जाता है.

    Platelate count से जुड़ी सभी जानकारी के लिए इस पोस्ट को पढ़े 👉Platelets count in Hindi.

    RBCs Index-

    RBCs Index में तीन test होते हैं जिसे calculate करके निकाला जाता है. RBCs Index से red blood cells की morphology पता करने के लगाया जाता है. जिससे red blood cells की shape, size and color को देखा जाता है.

     

    MCV (Mean cell Volume)

    MCV test के द्वारा हमारे शरीर में आरबीसी का average volume कितना है इसका पता लगाया जाता है. इसका नार्मल रेंज 80 – 96 Fm(famato litre) होता है.

    MCV की संख्या normal range से कम होती है तो इसे microcytic anemia कहा जाता है और यदि MCV की संख्या normal range से अधिक होती है तो इसे macrocytic anemia कहा जाता है.

    MCH (Mean cell hemoglobin)

    MCH से हमारे शरीर में प्रत्येक आरबीसी में हिमोग्लोबिन की average volume कितनी है. इसका पता लगाया जाता है और इसका नार्मल रेंज 27-33 Pg(pictogram) होता है.

    यदि MCH की संख्या नार्मल रेंज से कम होती है तो इसे हाइपोक्रोमिक एनीमिया(Hypochromic anemia) कहा जाता है और यदि MCH की संख्या normal range से ज्यादा होती है तो इसे Hypochromic anemia कहा जाता है.

    MCHC (Mean cell hemoglobin concentration) –

    MCHC test एक calculative test होता है.इसे calculate कर आसानी से निकाला जा सकता है. MCHC blood test ,एक लाल रक्त कोशिका में उपस्थित Hemoglobin का औसत माप है.जिससे विभिन्न प्रकार की एनिमिया का पता लगाया जाता है.

    RDW test –

    RDW test एक ब्लड परीक्षण है. RDW का फुल फॉर्म red cell distribution width होता है.यह एक प्रकार का calculative test होता है. जो CBC test के अंतर्गत किया जाता है. RDW blood test के द्वारा लाल रक्त कोशिकाओं की मात्रा और आकार को मापने के लिए किया जाता है.

    इसका नॉर्मल रेंज 11.6 – 14.6 % तक होता है.यदि आपके लाल रक्त कोशिकाओं की मात्रा और आकार में किसी प्रकार की परिवर्तन होती है तो इससे आपके शरीर का ऑक्सीजन लेवल प्रभावित हो सकती है.जिससे आपको कई तरह की समस्या हो सकती है.

    लाल रक्त कोशिकाओं की मात्रा और आकार का सामान्य होना इसलिए भी जरूरी होती है क्योंकि लाल रक्त कोशिकाएँ ,फेफड़ो से ऑक्सीजन को हमारे शरीर के विभिन्न भागों में पहुँचाती है.

    समान्यत: लाल रक्त कोशिका की आकार 6-8 micrometer(diameter) के बीच होती है.यदि लाल रक्त कोशिकाओं का आकार सामान्य से ज्यादा होती है तो इससे RDW test की रिपोर्ट भी ज्यादा आती है.

    RDW blood test से जुड़ी सभी जानकारी के लिए इस पोस्ट को पढ़े 👉
    RDW blood test in Hindi.

    CBC Test क्यों करवाया जाता है?

    CBC अर्थात Complete blood count नाम से ही पता चलता है इसमे blood के complete cells की जांच की जाती है जिससे पता लगाया जाता है कि हमारे शरीर में किस सेल्स की कमी है और normally क्या है.

    हमारे शरीर में cells ज्यादा या कम तो नहीं है इन सभी पहलुओं को जानने के लिए डॉक्टर CBC test लिखते हैं ताकि उसे दवाई देने और बीमारी को पहचानने में सुविधा हो.

    किन-किन रोगों में CBC Test करवाया जाता है और कब?

    CBC test अनेक प्रकार के रोगों की जांच के लिए करवाया जाता है. आज के समय में सीबीसी टेस्ट ,लगभग सभी तरह के patient को सबसे पहले लिखा जाता है. ऐसे कई सारे रोग हैं जिसमें CBC test लिखा जाता है जैसे कि-

    • सर्दी, बुखार लगना
    • कमजोरी महसूस होना
    • भूख कम लगना
    • चक्कर आना
    • आंखों के सामने अंधेरा छा जाना या धुंधला लगना
    • इस्नोफीलिया
    • anaemia
    • polycythemia
    • लोहा या अन्य विटामिन और खनिज की कमी की जांच करने के लिए
    • रक्तस्राव विकार के लिए
    • ह्रदय रोग के लिए
    • स्वत: प्रतिरक्षा विकार
    • बोन मेरो की समस्याएं
    • कैंसर
    • संक्रमण या सूजन
    • दवा के प्रति प्रतिक्रिया

    और भी कई प्रकार के लक्षण और लोगों के लिए सीबीसी टेस्ट लिखा जाता है मुझे इस के रिजल्ट के अनुसार डॉ यह अनुभव करते हैं कि आपके शरीर में किस प्रकार की कमी है और कौन सा रोग है.

    CBC Test करवाने से पहले क्या ध्यान रखें?

    CBC test करवाने से पहले किसी खास बातों का ध्यान रखना जरूरी नहीं है, हां अगर आपको डॉक्टर सीबीसी टेस्ट के साथ अन्य टेस्ट भी लिखते हैं जैसे डायबिटीज या Fasting sugar का test तो इसके लिए आपको fasting रखना होता है लेकिन सीबीसी के लिए ऐसी कोई जरूरत नहीं होती है.

    CBC Blood Test करवाने के दौरान क्या-क्या ध्यान रखें?

    CBC test करने के दौरान लैब टेक्नीशियन को ध्यान रखना होता है कि वह आपके हैंड के जिस जगह से सैंपल कलेक्ट कर रहा है वहाँ वह सही तरीके से clean कर रहा है या नहीं.

    क्योंकि कई बार ऐसा होता है कि सही से cleaning नहीं होने के कारण results में variation आ जाते हैं.इसलिए टेक्नीशियन सैंपल को अच्छे से preserve करके रखें ताकि टेस्ट में किसी प्रकार की variation ना आए.

    CBC Test करवाने के फायदे –

    सीबीसी टेस्ट करवाने के कई सारे फायदे हैं.Normally आपको कम से कम 6 महीने या साल भर में 1 बार आपको सीबीसी टेस्ट का रूटीन चेकअप करा लेना चाहिए जिससे आपको आपके शरीर में क्या-क्या हो रहा है और कौन सी सेल की मात्रा कितनी है इसका सही सही अंदाजा लग जाता है.

    सीबीसी टेस्ट के द्वारा कई प्रकार की जानकारियां में मिलती है जैसे कि आपके शरीर में कितनी मात्रा में blood है और आपके शरीर में डब्ल्यूबीसी की संख्या कितनी है.

    जो कि आपके शरीर को इम्यून सिस्टम को बनाए रखता है और बीमारियों से लड़ने में मदद करता है साथ ही प्लेटलेट की संख्या कितनी है और हीमोग्लोबिन कितना है तथा अन्य प्रकार की जानकारियां CBC test के माध्यम से मिलती है.

    बच्चों का CBC Test कैसे किया जाता है?

    बच्चों का सीबीसी टेस्ट करने के लिए उसके ऐड़ी(hill) को prick करके बच्चों का ब्लड सैंपल लिया जाता है और फिर टेस्ट किया जाता है.आजकल CBC analyzer (CBC machine) के द्वारा CBC test किया जाता है जिस कारण से CBC test तुरंत हो जाता है.

    Normally इस test का result एक घण्टे में आ जाता है परन्तु कई test होने के कारण इसका report, 3-4 घंटे या एक दिन बाद दिया जाता है.

    Pregnancy में CBC Test-

    प्रेगनेंसी में CBC test जरूर करवाना चाहिए.Pregnancy के दौरान CBC test बहुत ही जरूरी है, क्योंकि इस टेस्ट से प्रेगनेंसी के दौरान हमारे शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्रा तथा अन्य कई प्रकार की जानकारियां प्राप्त हो जाती है.

    जिससे कि हमें प्रेगनेंसी के दौरान किसी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़े. इसके लिए सबसे पहले CBC करवाया जाता है ताकि Blood की complete जानकारी प्राप्त हो सके.

    Pregnancy problems के बारे में जानने के लिए हमारे इस पोस्ट को जरूर पढ़े 👉

    CBC Test Normal Range और परिणाम –

    CBC test का नार्मल रेंज अलग-अलग टेस्टों में अलग-अलग होता है.जैसे कि रेड ब्लड सेल का नार्मल रेंज 4.5 से 6.5 मिलियन, white blood cell का normal range 4000- 11000 और platelet का normal range 1.5-4.0 lakh होता है.
    सभी test का normal range अलग-अलग होता है जैसा आप यहां पर देख सकते हैं.

    1. Hemoglobin (HB) – 12-16 gm/dl
    2. Differential leukocytes count (DLC)
    3. Neutrophils – 50-65%
    4. Lymphocytes – 20-35%
    5. Monocytes- 2-8%
    6. Eosinophils- 0-6 or 0-4 %
    7. Basophils- 0-1 %
    8. Total leukocytes count (TLC) – 4,000-11,000 /microlitre
    9. Packed cell volume (PCV) or Hematocrit – 36-54%
    10. Red blood cells count (RBCs count) – 4.5 – 6.5/cumm
    11. Platelet count (Plts Count)- 1.5 -4.0 lakh
    12. RBCs Index
    13. MCV – 80-96 fm( famato litre)
    14. MCH – 27-33 pg( picogram)
    15. MCHC – 30-35 g/dl

    CBC Test का परिणाम –

    इस तरह अब तक आप समझ गए होंगे कि CBC test kya hota hai in Hindi और CBC test ka normal range कितना होता है.जिसके अनुसार ही डॉक्टर CBC test का रिजल्ट चेक करते हैं और आपको बताते हैं कि आपके शरीर में किस प्रकार की कमी है.

    आप भी CBC test को आसानी से देख सकते हैं कि आप के रिजल्ट में किस चीज की कमी है और कितनी कमी है.जिससे आपको भी कुछ ना कुछ अनुमान जरूर लग जाएगा और इस पोस्ट को पढ़ने के बाद आशा करता हूं कि आप कुछ ना कुछ जरूर समझे होंगे.

    CBC Test Sample Report-

    CBC test का सैंपल रिपोर्ट को इस प्रकार से होता है-

    CBC Test का Price कितना है?

    CBC test का price कितना होता है यदि हम उसके बारे में बात करें तो हमारे देश में CBC test का अलग-अलग शहरों में अलग-अलग प्राइस होता है.

    कई laboratory में लगभग 300 से ₹600 तक CBC test के लिए जाते हैं.

    FAQ for CBC test in Hindi.

    1.सीबीसी जांच क्या होती है?
    CBC जांच रक्त की जांच होती है.जिसमें रक्त की कोशिकाएँ जैसे लाल रक्त कोशिका, श्वेत रक्त कोशिका और प्लेटलेट सहित रक्त की पूर्ण गणना की जाती है.

    2.सीबीसी टेस्ट से क्या पता चलता है?
    सीबीसी टेस्ट के द्वारा यह पता लगाया जाता है कि आपके ब्लड में कौन-सी रक्त कोशिकाओं की कमी है.साथ ही कई प्रकार की बीमारियों का पता लगाने के लिए भी सीबीसी की जांच की जाती है.

    3.ब्लड रिपोर्ट कैसे देखें?
    जितने भी ब्लड टेस्ट होते हैं सबका एक समान्य मान (Normal range) होता है.किसी भी टेस्ट का मान यदि समान्य मान से कम या ज्यादा हो तो इससे पता चलता है कि आपके शरीर में समस्या है. सभी टेस्टों का नार्मल रेंज अलग-अलग होता है जिसके अनुसार आप ब्लड रिपोर्ट देख सकतें हैं.

    4.सीबीसी जांच कितने रूपए में होती है?
    सीबीसी की जांच में अन्य कई सारे टेस्ट भी शामिल होते हैं, जिस कारण सीबीसी जांच की कीमत लगभग 300-600 रूपए तक होती है. यह आपके द्वारा चुने गए लैबों पर निर्भर करता है.

    Conclusion for CBC test in Hindi. –

    मैं आशा करता हूं कि आपको यह पोस्ट “CBC test in Hindi” , मैं कुछ ना कुछ आवश्यक जानकारी जरूर मिली होगी जिसके माध्यम से आप CBC test के बारे में या CBC test report को समझ सकते हैं और आपको यह भी पता लग गया होगा CBC me kitne test होते हैं और किन-किन रोगों मैं CBC test करना चाहिए.
    Pregnancy में CBC test कब और क्यों करना चाहिए.

    आपको यह पोस्ट कैसा लगा यह पोस्ट आपके लिए और आपके सवालों के जवाब इस पोस्ट के माध्यम से मिले या नहीं हमें कमेंट करके जरूर बताएं ताकि हम इसमें कुछ ना कुछ सुधार करें और अपने यूजर्स के लिए एक अच्छी इंफॉर्मेशन प्रोवाइड करें… धन्यवाद.

    3 thoughts on “CBC Test क्या है? | CBC test in Hindi.”

    Leave a Comment